
आलोट। ग्राम डाबड़िया निवासी किसान कालूसिंह पिता रतनसिंह सोलंकी ने डीएपी खाद की बोरी में मिलावट का गंभीर आरोप लगाते हुए संबंधित फर्म एवं स्टाफ के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। किसान ने इस संबंध में कृषि विभाग को लिखित शिकायत प्रस्तुत कर न्याय की गुहार लगाई है।
आवेदन के अनुसार किसान ने 17 जनवरी 2026 को नगर आलोट स्थित नवपद ट्रेडर्स (एडवाइजरी बैंक के सामने) से डीएपी की तीन बोरियां खरीदी थीं। प्रति बोरी कीमत लगभग 1600 रुपये के हिसाब से कुल 4800 रुपये का भुगतान फोन-पे के माध्यम से किया गया। किसान का आरोप है कि जब वह अपने खेत पर डीएपी का उपयोग करने पहुंचा और बोरी खोलकर खाद को पानी में घोला, तो उसमें बालू जैसा पदार्थ पाया गया, जिससे डीएपी के शुद्ध होने पर संदेह उत्पन्न हुआ।
किसान का कहना है कि वह तत्काल फर्म पर पहुंचा और मामले से प्रोप्राइटर को अवगत कराया, किंतु संतोषजनक जवाब देने के बजाय कथित रूप से अभद्र व्यवहार किया गया। शिकायत में यह भी उल्लेख है कि उक्त घटनाक्रम की सीसीटीवी फुटेज दिनांक 17 जनवरी 2026 को दोपहर 3:41 बजे से 6:00 बजे के मध्य उपलब्ध हो सकती है, जिसकी जांच की जानी चाहिए।
किसान ने आरोप लगाया है कि यदि डीएपी में मिलावट की पुष्टि होती है तो यह न केवल उसके साथ धोखाधड़ी है बल्कि क्षेत्र के अन्य किसानों के हितों से भी जुड़ा गंभीर मामला है। उसने कृषि विभाग से मांग की है कि संबंधित फर्म, उसके प्रोप्राइटर एवं स्टाफ की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाए।
कृषि विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शिकायत प्राप्त होने पर नियमानुसार जांच प्रक्रिया अपनाई जाएगी। इधर क्षेत्रीय किसानों में इस घटना को लेकर चिंता व्याप्त है और पारदर्शी जांच की मांग उठने लगी है।
अब देखना यह होगा कि विभागीय जांच कितनी तेजी और निष्पक्षता से होती है तथा किसान को न्याय कब तक मिलता है।

